देहरादून। नगर कोतवाली क्षेत्र में 14 वर्षीय किशोरी के साथ दुष्कर्म के आरोप के बाद गुरुवार को शहर में तनावपूर्ण माहौल बन गया। घटना की जानकारी फैलते ही स्थानीय लोगों के साथ विभिन्न हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता भी मौके पर पहुंच गए। आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई और तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर पहले घटनास्थल और बाद में नगर कोतवाली में जोरदार प्रदर्शन किया गया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली।
जानकारी के अनुसार, सहारनपुर चौक के निकट एक मोहल्ले में किराए पर रहने वाले परिवार की 14 वर्षीय बेटी के साथ कथित तौर पर दुष्कर्म की घटना हुई। परिजनों का आरोप है कि देर रात किशोरी घर की ऊपरी मंजिल पर बने शौचालय में गई थी। काफी समय तक वापस नहीं लौटने पर उसकी मां उसे देखने पहुंची। वहां पहुंचने पर परिजनों को घटना की जानकारी मिली, जिसके बाद मामला तेजी से फैल गया।
घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्र में लोगों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आक्रोशित लोगों ने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। बाद में बड़ी संख्या में लोग नगर कोतवाली पहुंचे और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।
मामले को लेकर शहर के कुछ हिस्सों में तनाव का माहौल भी बना रहा। आरोप है कि विरोध के दौरान कुछ लोगों ने बाजार क्षेत्र में दुकानों को बंद कराने का प्रयास किया। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने अतिरिक्त बल तैनात कर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पीड़िता के परिजनों की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपी की तलाश के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है और विभिन्न पहलुओं की जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों और पीड़िता के बयान के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद नगर कोतवाली और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए भरोसा दिलाया है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच को प्राथमिकता दी जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के दायरे में रहकर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
घटना के बाद स्थानीय लोगों और विभिन्न संगठनों में भारी आक्रोश देखने को मिला। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि महिलाओं और बच्चों से जुड़े अपराधों में त्वरित कार्रवाई होनी चाहिए ताकि समाज में कानून के प्रति विश्वास बना रहे। वहीं पुलिस प्रशासन लगातार लोगों से संयम बरतने और अफवाहों से दूर रहने की अपील कर रहा है।

