हरिद्वार में पत्नी की तलाश में मोबाइल टावर पर चढ़े पति का हौसला दिनभर तो बुलंद रहा, लेकिन शाम होते-होते अंधेरे ने ऐसा असर दिखाया कि सात घंटे से चल रहा हाईवोल्टेज ड्रामा खुद ही खत्म हो गया। पत्नी से मिलाने की जिद लेकर टावर पर चढ़ा युवक आखिरकार नीचे उतर आया। पुलिस ने भी राहत की सांस ली और उसे हिरासत में ले लिया।
उत्तर प्रदेश के बलिया निवासी युवक विशाल राम की पत्नी कथित तौर पर दूसरे युवक के साथ चली गई थी। पत्नी की तलाश में वह गुजरात से बागपत होते हुए हरिद्वार पहुंचा। यहां शिवालिकनगर में सोमवार सुबह करीब 11 बजे वह मोबाइल टावर पर चढ़ गया। उसकी मांग थी कि पुलिस उसकी पत्नी को ढूंढकर उससे मिलवाए।
पुलिस मौके पर पहुंची तो युवक को समझाने का सिलसिला शुरू हुआ। पुलिस ने उसकी पत्नी से फोन पर बात भी कराई, लेकिन वहां से जवाब उसके मनमुताबिक नहीं मिला। लखीमपुर खीरी में मौजूद पत्नी ने मिलने और साथ रहने से इनकार कर दिया। इसके बाद भी युवक टावर से उतरने को तैयार नहीं हुआ।
युवक को सुरक्षित नीचे उतारने के लिए पुलिस के साथ अग्निशमन विभाग और एसडीआरएफ की टीम भी जुटी रही। समझाने के तमाम प्रयास हुए, लेकिन युवक अपनी जिद पर अड़ा रहा। दिन बीतता गया और टावर पर उसका इंतजार भी लंबा होता गया।
फिर शाम हुई, अंधेरा छाने लगा और टावर पर बैठे युवक को डर सताने लगा। जिस जिद के आगे पुलिस की समझाइश बेअसर रही, आखिरकार उसी युवक ने खुद नीचे उतरने का फैसला कर लिया। उसके नीचे आते ही पुलिस और बचाव दल ने राहत की सांस ली।
बागपत में भी आजमा चुका था यही तरीका
पुलिस की पड़ताल में सामने आया कि विशाल इससे पहले बागपत के बढ़ौत में भी पत्नी की तलाश के दौरान मोबाइल टावर पर चढ़ गया था। वहां भी पुलिस ने उसकी पत्नी से फोन पर बात कराई थी, लेकिन पत्नी ने साथ रहने से इनकार कर दिया था। अब हरिद्वार में भी उसने इसी तरह का कदम उठाया।
रानीपुर कोतवाली प्रभारी मनोहर सिंह भंडारी के मुताबिक, युवक के स्वजन से संपर्क किया जा रहा है। उनके आने पर उसे सुपुर्द करने की प्रक्रिया की जाएगी।



