लखीमपुर खीरी। फरधान सहकारी समिति में यूरिया न मिलने से नाराज किसानों ने लखीमपुर–मोहम्मदी रोड पर जाम लगा दिया। जाम खुलवाने को पहुंची पुलिस ने एक युवक और एक महिला की पिटाई कर दी। किसानों के साथ हुई मारपीट का यह वीडियो वायरल होने के बाद समाजवादी पार्टी के मुख्या अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म “एक्स” पर वीडियो पोस्ट कर सरकार को घेरा है। पोस्ट में उन्होंने लिखा कि “खाद मांगने पर अपमान, भाजपाई क्या आईना नहीं देखते।”
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी क्षेत्र के फरधान सहकारी समिति पर खाद का वितरण किया जा रहा था। यूरिया लेने के लिए सुबह से ही किसान भारी संख्या में समिति पर पहुंच गए। इस दौरान इलेक्ट्रॉनिक मशीन खराब हो गई जिससे खाद का वितरण रुक गया। खाद वितरण रुकने से किसानों ने धांधली का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। किसानों ने समिति के कर्मचारियों और अधिकारियों पर खाद की कालाबाजारी का आरोप लगाया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसानों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन किसान नहीं माने। इसके बाद किसानों और पुलिस में कहासुनी होने लगी। पुलिस ने किसान और उसकी मां की लाठी से पिटाई कर दी। पिटाई का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो गया। इसके बाद अखिलेश यादव ने वीडियो पोस्ट कर सरकार पर हमला बोल दिया इस पोस्ट के बाद सियासी पर चढ़ गया है।
एसपी खीरी संकल्प शर्मा के अनुसार जाम खुलवाने के लिए पुलिस को शक्ति करनी पड़ी। उन्होंने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है। लापरवाही करने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।
गौरतलब है कि कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने लखीमपुर का दौरा करने के बाद जिले में पर्याप्त यूरिया होने की बात कही थी। अब यूरिया की किल्लत कानून व्यवस्था के लिए चुनौती बन गई है। यूरिया के वितरण को लेकर डीएम ने किसानों से नियमानुसार यूरिया उपलब्ध कराने की बात कही है उन्होंने कहा है की लापरवाही या अनियमित मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।

